रायपुर, 12 मार्च 2026: नगर पालिका निगम रायपुर के ज़ोन 4 में आज डॉ. बाबासाहेब अंबेडकर प्रतिमा निर्माण को लेकर अहम और विस्तृत बैठक आयोजित की गई। बैठक में ज़ोन 4 की आयुक्त आयुष्यमती चंद्रवंशी, ई.ई. शेखर कुमार सिंह, इंजीनियर राखी देवांगन के साथ भारतीय बौद्ध महासभा के पदाधिकारी और डॉ. बाबासाहेब अंबेडकर जयन्ती समारोह समिति के अधिकारी शामिल हुए।बैठक का मुख्य उद्देश्य था कि रायपुर में बन रही डॉ. बाबासाहेब अंबेडकर प्रतिमा निर्माण कार्य समयबद्ध रूप से पूरा हो और किसी भी प्रकार की देरी न हो। अधिकारियों ने ठेकेदार को स्पष्ट निर्देश दिए कि कार्य को निरंतर जारी रखा जाए और निर्माण स्थल पर गुणवत्ता, सुरक्षा और समय का विशेष ध्यान रखा जाए।इस अवसर पर बैठक में उपस्थित प्रमुख लोग थे भोजराज गौरखेड़े, बेनीराम गायकवाड, प्रकाश रामटेके, सुनील वांदरे, मदनलाल मेश्राम, कमलेश रामटेके, राष्ट्रपाल वांदरे, सुभाष साहू। सभी ने मिलकर यह सुनिश्चित किया कि प्रतिमा स्थल का कार्य निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा हो और यह परियोजना शहर के नागरिकों के लिए गर्व का प्रतीक बने।

अधिकारियों ने कहा कि यह प्रतिमा न केवल डॉ. अंबेडकर के योगदान को याद दिलाएगी, बल्कि सामाजिक न्याय और समानता के संदेश को भी आगे बढ़ाएगी। ठेकेदार को निर्देश दिए गए कि निर्माण कार्य में किसी प्रकार की लापरवाही न हो और काम में निरंतरता बनी रहे।बैठक के अंत में यह निर्णय लिया गया कि निर्माण कार्य की प्रगति की नियमित समीक्षा की जाएगी और समय-समय पर संबंधित अधिकारियों और समितियों को जानकारी दी जाएगी। यह परियोजना न केवल ऐतिहासिक महत्व रखती है, बल्कि रायपुर के नागरिकों के लिए एक प्रेरणादायक स्थल बनने वाली है।रायपुर, 12 मार्च 2026: नगर पालिका निगम रायपुर के ज़ोन 4 में आज डॉ. बाबासाहेब अंबेडकर प्रतिमा निर्माण को लेकर अहम और विस्तृत बैठक आयोजित की गई। बैठक में ज़ोन 4 की आयुक्त आयुष्यमती चंद्रवंशी, ई.ई. शेखर कुमार सिंह, इंजीनियर राखी देवांगन के साथ भारतीय बौद्ध महासभा के पदाधिकारी और डॉ. बाबासाहेब अंबेडकर जयन्ती समारोह समिति के अधिकारी शामिल हुए।बैठक का मुख्य उद्देश्य था कि रायपुर में बन रही डॉ. बाबासाहेब अंबेडकर प्रतिमा निर्माण कार्य समयबद्ध रूप से पूरा हो और किसी भी प्रकार की देरी न हो। अधिकारियों ने ठेकेदार को स्पष्ट निर्देश दिए कि कार्य को निरंतर जारी रखा जाए और निर्माण स्थल पर गुणवत्ता, सुरक्षा और समय का विशेष ध्यान रखा जाए।इस अवसर पर बैठक में उपस्थित प्रमुख लोग थे भोजराज गौरखेड़े, बेनीराम गायकवाड, प्रकाश रामटेके, सुनील वांदरे, मदनलाल मेश्राम, कमलेश रामटेके, राष्ट्रपाल वांदरे, सुभाष साहू। सभी ने मिलकर यह सुनिश्चित किया कि प्रतिमा स्थल का कार्य निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा हो और यह परियोजना शहर के नागरिकों के लिए गर्व का प्रतीक बने।अधिकारियों ने कहा कि यह प्रतिमा न केवल डॉ. अंबेडकर के योगदान को याद दिलाएगी, बल्कि सामाजिक न्याय और समानता के संदेश को भी आगे बढ़ाएगी। ठेकेदार को निर्देश दिए गए कि निर्माण कार्य में किसी प्रकार की लापरवाही न हो और काम में निरंतरता बनी रहे।बैठक के अंत में यह निर्णय लिया गया कि निर्माण कार्य की प्रगति की नियमित समीक्षा की जाएगी और समय-समय पर संबंधित अधिकारियों और समितियों को जानकारी दी जाएगी। यह परियोजना न केवल ऐतिहासिक महत्व रखती है, बल्कि रायपुर के नागरिकों के लिए एक प्रेरणादायक स्थल बनने वाली है।